बिहार के भोजपुर में भरत तिवारी एनकाउंटर केस ने पूरे देश का ध्यान का खींचा है। भरत का परिवार, समर्थक और विपक्षी नेता इसे मर्डर बता रहे हैं। वहीं, पुलिस की अपनी थ्योरी है। इस बीच भरत तिवारी की मां आशा तिवारी ने बड़ा दावा किया है।
भरत तिवारी की मां ने कहा कि यह कोई एनकाउंटर नहीं, बल्कि प्रशासन द्वारा की गई हत्या थी, क्योंकि वह (Bharat Tiwari) समाज सेवा में लगे हुए थे। उन्हें SDM के 1400 करोड़ रुपये के घोटाले के बारे में पता था और इसीलिए उनकी हत्या कर दी गई।
उन्होंने कहा कि उन्हें न्याय के लिए अदालत पर भरोसा है। आशा तिवारी ने आरोपी और भरत तिवारी की हत्या में शामिल सभी आरोपियों के लिए मौत की सजा की मांग की।
आशा तिवारी ने दावा किया कि ये पैसा जवनिया गांव के विकास के लिए आया था। इससे गरीबों का घर बनना था और मिट्टी भराई होनी थी। इसी पैसे का घोटाला किया गया। उन्होंने कहा कि उन्हें प्रशासन पर भरोसा नहीं है, क्योंकि उन्होंने उनके बेटे को मारा है।
आशा तिवारी ने कहा कि उन्हें मारने की धमकी आ रही है। सोशल मीडिया के जरिए उनके परिवार को मिटाने की धमकी दी जा रही है, लेकिन सम्राट सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही है और न ही एनकाउंटर कर रही है।
वहीं, भरत तिवारी के भाई चंदन तिवारी ने कहा कि प्रशासन मामले (Bharat tiwari enconter case) को दबाने की कोशिश कर रहा है। इस मामले में कोई ठीक से जांच नहीं हो रही है। समझ नहीं आता कि कानून क्या है, FIR तो दर्ज हो गई है, लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई है।


