सोहगीबरवा वन्यजीव प्रभाग के निचलौल वन क्षेत्र में गौर (भारतीय बाइसन) की मौजूदगी से वन विभाग की चिंता बढ़ गई है। पहले उत्तरी रेंज में दिखाई देने के बाद अब गौर के दक्षिणी रेंज में पहुंचने की पुष्टि हुई है, जिससे जंगल से सटे बैदौली, रायपुर और आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है। वन विभाग ने निगरानी बढ़ाते हुए ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
वन क्षेत्राधिकारी सुनील कुमार राव बुधवार को अपनी टीम के साथ जंगल में गौर की गतिविधियों पर नजर बनाए रहे। वनकर्मियों के अनुसार गश्ती दल की सक्रियता बढ़ने पर गौर झाड़ियों में छिप गया, लेकिन उसकी लोकेशन लगातार ट्रैक की जा रही है।
बताया जा रहा है कि रविवार शाम करीब पांच बजे गौर पहली बार उत्तरी बीट में दिखाई दिया था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यह विशालकाय वन्यजीव नेपाल सीमा की ओर से नहर के तेज बहाव के साथ क्षेत्र में पहुंचा और देवरिया शाखा नहर के रास्ते जंगल में प्रवेश कर गया।
वन विभाग ने ग्रामीणों से मवेशियों को जंगल में न चराने तथा गौर दिखाई देने पर तत्काल सूचना देने की अपील की है, ताकि किसी भी संभावित खतरे से समय रहते निपटा जा सके।


