फरीदाबाद के बल्लभगढ़ में मुजेसर रेलवे फाटक पर बनाए जाने वाले अंडरपास के निर्माण में रेलवे ट्रैक के साथ हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की भूमि पर बने अवैध निर्माण बाधा बने हुए थे। इन अवैध निर्माणों को हरियाणा राज्य सड़क एवं पुल निर्माण निगम
(एचएसआरडीसी) के दस्ता की अर्थमूवर ने 80 अवैध निर्माणों और एक विशेष धार्मिक स्थल को तोड़ दिया। इस दौरान दस्ता के साथ भारी पुलिस बल तैनात था। इस दौरान आशियानों को टूटते देख लोगों की आंखों में आंसू आ गए।
मुजेसर रेलवे फाटक पर 49 करोड़ रुपये की लागत से अंडरपास बनाया जाएगा। इसका शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 26 फरवरी-2024 को अमृत स्टेशन नवीनीकरण एवं निर्माण योजना के तहत किया था। यहां पर अंडरपास बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग के पास भूमि बहुत ही कम थी। इसलिए प्रशासन ने एक फैक्ट्री से भूमि खरीदी है।
अब यहां पर अंडरपास को बनाने के लिए रेलवे ट्रैक और राजमार्ग के बीच में खोदाई का काम शुरू चुका है। यहां पर बिजली और पीने के पानी की पाइप लाइन, सीवर को भी बदला जा चुका है। यहां पर विभाग जल्दी ही अब अंडरपास बनाने के लिए दीवारों का निर्माण कार्य शुरू कर देगा।
एचएसवीपी की भूमि पर निर्माण बने हुए थे बाधक
मुजेसर गांव के सामने रेलवे ट्रैक के साथ एचएसवीपी की हरित पट्टी की भूमि पर कुछ लोगों ने अवैध रूप से मकान बनाए हुए थे। यहां पर एक विशेष धार्मिक स्थल बना हुआ था। इनको तोड़ने के लिए एचएसआरडीसी ने नोटिस दिए हुए थे, लेकिन मालिकों ने खुद नहीं तोड़ा।
शुक्रवार को सुबह से ही इन अवैध निर्माणों को तोड़ने के लिए एचएसआरडीसी का दस्ता पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंच गया। बिना किसी की बात सुने दस्ता की दो अर्थमूवर ने अवैध निर्माणों को तोड़ना शुरू कर दिया। शाम तक 80 अवैध निर्माण तोड़े गए।
कांग्रेस नेताओं को किया हाउस अरेस्ट
कांग्रेस के जिलाध्यक्ष बलजीत कौशिक और उनके साथियों ने बाटा रेलवे पुल के नीचे से अवैध कब्जों को हटाते समय प्रशासन के दस्ते का विरोध किया था। तब उनकी निगम के संयुक्त आयुक्त करण सिंह भगोरियों के साथ काफी कहासुनी हो गई थी।
यह लोग प्रशासन के लिए अवैध निर्माणों को तोड़ते समय अपनी राजनीतिक मंशा लेकर किसी तरह की परेशानी खड़ी न कर दे, इसलिए उन्हें और उनके साथियों को सेक्टर-22 निवास और कांग्रेस जिला कार्यालय सेक्टर-9 में पुलिस भेज कर हाउस अरेस्ट कर लिया।


