हिमाचल प्रदेश कांग्रेस की अंदरूनी कलह सामने आ गई है। पांवटा साहिब ब्लॉक अध्यक्ष की नियुक्ति से नाराज कांग्रेस नेता एवं पूर्व भंगानी जोन अध्यक्ष प्रदीप चौहान ने शिमला के कांग्रेस भवन के बाहर 24 घंटों की भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं। उन्होंने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष से सरदार हरप्रीत रतन को तुरंत पद से हटाने और गिरिपार से ब्लॉक अध्यक्ष बनाने की मांग की है। यही नही उन्होंने दिल्ली कांग्रेस मुख्यालय के बाहर भी धरने पर बैठने की चेतावनी दी है।
गिरिपार क्षेत्र को दरकिनार कर दिया
प्रदीप चौहान का कहना है कि वह कांग्रेस के एक सक्रिय कार्यकर्ता हैं, लेकिन कांग्रेस ने गिरिपार क्षेत्र को दरकिनार कर दिया है। ब्लॉक अध्यक्ष ओर सारे पद पांवटा साहिब में अल्पसंख्यक को दिए हैं, जबकि गिरिपार से न तो प्रदेश कार्यकरणी न जिला और न ब्लॉक अध्यक्ष बनाया गया है।
भाजपा से आए नेता को बना दिया अध्यक्ष
उन्होंने कहा कि सरदार हरप्रीत रतन विधानसभा चुनाव में बागी हो भाजपा में शामिल हुए थे और विधानसभा के बाद दोबारा से कांग्रेस में शामिल हुए और अब कांग्रेस ने उसे ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बनाया दिया है। इससे कार्यकर्ताओ में काफी रोष है।
कार्यकर्ताओं का मनोबल गिरा
उन्होंने कहा कि जो पार्टी के लिए दिन रात काम करते हैं, उन्हें अनदेखा किया जा रहा है और जो मौकापरस्त हैं, उन्हें ओहदे दिए जा रहे हैं। इससे आम कार्यकर्ताओ का मनोबल गिरता है।
सुनवाई न हुई तो दिल्ली में देंगे धरना
उन्होंने कहा कि इसके खिलाफ आज यहां भूख हड़ताल पर बैठे हैं और यदि उनकी बात यहां नहीं सुनी जाती तो दिल्ली में भी कांग्रेस मुख्यालय के बाहर हुए धरने पर बैठेंगे। साथ में उन्होंने राहुल गांधी और राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से भी इस मामले को उठाने की बात कही।


