सिंगरौली। सड़क सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और वैधानिक परिवहन व्यवस्था को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से परिवहन विभाग ने जिले में बड़ी कार्रवाई की है। स्थानीय नागरिकों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर RTO चेक पॉइंट सिंगरौली की टीम ने निवास चौकी क्षेत्र में सघन जांच अभियान चलाते हुए तीन बिना परमिट ओवरलोड मालवाहक वाहनों को जप्त कर लिया। इसके साथ ही अन्य कई वाहनों के विरुद्ध मौके पर चालानी कार्रवाई की गई।
जप्त किए गए वाहनों के नंबर इस प्रकार हैं— RJ 20 GB 9885, RJ 14 GL 0563 और CG 04 NC 2255। विभागीय अधिकारियों के अनुसार इन वाहनों द्वारा परिवहन नियमों का उल्लंघन करते हुए बिना वैध परमिट माल ढुलाई की जा रही थी।

यह अभियान जिला कलेक्टर के निर्देश एवं क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी के मार्गदर्शन में चलाया गया। अधिकारियों ने बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य सड़क सुरक्षा नियमों का पालन सुनिश्चित करना, प्रदूषण नियंत्रण मानकों को लागू करना तथा अवैध परिवहन पर रोक लगाना है।
जांच के दौरान विशेष रूप से कोयला, रेत, गिट्टी एवं राखड़ (फ्लाई ऐश) का ओवरलोड तथा बिना तिरपाल परिवहन करने वाले वाहनों पर सख्ती बरती गई। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों पर तत्काल चालानी कार्रवाई की गई।
अभियान के दौरान वाहनों के PUC, बीमा, फिटनेस, परमिट, टैक्स एवं अन्य आवश्यक दस्तावेजों का गहन सत्यापन किया गया। जिन वाहनों में आवश्यक दस्तावेज नहीं पाए गए, उनके विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की गई। विभाग ने स्पष्ट किया है कि बिना परमिट, बिना फिटनेस, बिना बीमा, बिना PUC तथा टैक्स अपवंचन करने वाले वाहनों पर आगे भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।

परिवहन विभाग ने जिले के कुछ संवेदनशील मार्गों को विशेष निगरानी के लिए चिन्हित किया है, जिनमें शुक्ला मोड़ से झूराई नाला, परसोणा से बंधौर तथा महुआगांव से निगरी मार्ग शामिल हैं। इन मार्गों पर ओवरलोड और प्रदूषण मानक उल्लंघन करने वाले वाहनों की विशेष जांच की जा रही है।
रात्रिकालीन दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए विभाग द्वारा चिन्हित वाहनों में रेडियम रिफ्लेक्टर भी लगाए गए हैं, ताकि रात के समय उनकी दृश्यता बेहतर हो और दुर्घटनाओं की संभावना कम हो सके।
अधिकारियों ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि कोई व्यक्ति शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न करता है या जांच दल के साथ अभद्रता करता है, तो उसके विरुद्ध BNS के तहत FIR दर्ज की जाएगी।परिवहन विभाग ने दोहराया है कि सड़क सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के लिए जिले में इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।


