रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने ट्रेन के जनरल डिब्बों को लेकर विपक्ष के आरोपों को गलत करार देते हुए कहा है कि रेलवे आम आदमी के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है और लगातार यात्री सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं।
उन्होंने बंगाल, तमिलनाडु और केरल की राज्य सरकारों को आड़े हाथ लेते हुए उनको विकास विरोधी करार दिया और कहा कि इन प्रदेशों में रेलवे परियोजनाओं को अवरुद्ध कर रखा है। इन तीनों प्रदेशों तथा असम और पुडुचेरी में अगले महीने विधानसभा चुनाव होना है।
रेल मंत्री के जवाब के बाद सदन ने रेल मंत्रालय की अनुदान की मांगों को कई विपक्षी सदस्यों के कटौती प्रस्तावों को खारिज करते हुए ध्वनिमत से मंजूरी दे दी। रेल मंत्रालय की अनुदान मांगों पर सबसे लंबी चर्चा रही, जिसमें 210 से अधिक सदस्यों ने भाग लिया।
चर्चा का जबाब देते हुए रेल मंत्री ने विपक्ष पर रेलवे के जनरल और स्लीपर डिब्बों को लेकर फर्जी विमर्श गढ़ने और विकास विरोधी होने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि विपक्ष के लिए गरीब सिर्फ वोट बैंक रहा है, जबकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सरकार गरीबों के लिए समर्पित होकर काम करती है। उन्होंने साफ किया कि सभी ट्रेनों में जनरल और स्लीपर डिब्बों की संख्या कुल डिब्बों का 70 प्रतिशत है।
वैष्णव ने कहा कि कई सांसदों ने गलत विमर्श गढ़ने की कोशिश की। वैष्णव ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि ये लोग नहीं समझ सकते हैं, क्योंकि उन्होंने सिर्फ गरीबी हटाओ के नारे दिए और इनके लिए गरीब सिर्फ वोट बैंक रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष का रवैया यही बना रहेगा तो वह अपनी जगह (विपक्ष) पर ही रह जाएगा।


