गोनियाना रोड स्थित झील नंबर दो में एक महिला ने छलांग लगा दी। महिला पानी में डूबने लगी, तभी मौके पर तैनात एनडीआरएफ की टीम ने तत्परता दिखाते हुए उसे बाहर निकाला। वहां मौजूद सहारा जन सेवा की लाइफ सेविंग ब्रिगेड हेल्पलाइन टीम के सदस्य राजेंद्र कुमार ने महिला को तुरंत एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल के आपातकालीन वार्ड में पहुंचाया, जहां सहारा टीम के सहयोग से उसका उपचार शुरू करवाया गया।
डॉक्टरों के अनुसार महिला की हालत अत्यंत गंभीर थी और वह बेहोशी की अवस्था में थी। सहारा टीम ने महिला के लिए नए कपड़ों की व्यवस्था करवाई। होश में आने के बाद पूछताछ के दौरान महिला ने अपनी पहचान बताने से इनकार कर दिया।
उसने बताया कि उसे कुछ भी याद नहीं है कि वह कौन है और उसने झील में छलांग क्यों लगाई। करीब 24 घंटे बाद महिला ने सहारा टीम से आग्रह किया कि उसे किसी आश्रम में छोड़ दिया जाए, क्योंकि उसका कोई नहीं है। हालांकि, उसने अपना पता या कोई अन्य जानकारी देने से मना कर दिया। बाद में महिला अस्पताल के बेड से उठकर वहां से चली गई।


