शहर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित यूरोलॉजी कांफ्रेंस के दौरान शनिवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब मैंगलोर से आईं 40 वर्षीय यूरोलॉजिस्ट डॉ. श्रीन भूटिया को भाषण देते समय अचानक कार्डियक अरेस्ट आ गया। बोलते-बोलते वे बेहोश होकर मंच पर गिर पड़ीं।
उस समय सभागार में देशभर से आए करीब 200 विशेषज्ञ डॉक्टर मौजूद थे। स्थिति की गंभीरता को तुरंत भांपते हुए वहां मौजूद चिकित्सकों ने बिना एक पल गंवाए उन्हें सीपीआर (कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन) देना शुरू किया। कुछ ही मिनटों में उनकी सांस और नब्ज में हलचल दिखाई देने लगी।
प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां से आगे इलाज के लिए राजश्री अपोलो अस्पताल रेफर किया गया।
इस घटना ने एक बार फिर यह साबित किया कि समय पर दी गई सीपीआर और प्राथमिक चिकित्सा किसी भी गंभीर स्थिति में जीवन बचाने में कितनी अहम होती है।


