चंडीगढ़: पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में कर्मचारियों से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए। सरकार ने करीब 1,467 नर्सिंग कर्मियों के लिए सेवा नियमों में संशोधन को मंजूरी दी है। इसके साथ ही पंजाब इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड ट्रैवल स्टडीज (PITS) के बचे हुए गैर-शिक्षण कर्मचारियों को संस्थान में समायोजित करने का फैसला भी लिया गया।
1,467 नर्सिंग कर्मियों को सेवा नियमों का लाभ
कैबिनेट ने पंजाब नर्सिंग एजुकेशन सर्विस रूल्स-2016 में संशोधन को मंजूरी दी है। सरकार के मुताबिक, वर्ष 2021 में विभाग के पुनर्गठन के बाद करीब 1,467 स्टाफ नर्सों की भर्ती हुई थी, लेकिन उनके लिए संशोधित सेवा नियम निर्धारित नहीं किए गए थे। अब कैबिनेट की मंजूरी के बाद इन कर्मचारियों को संशोधित नियमों के दायरे में लाया जा सकेगा।
PITS के नॉन-टीचिंग कर्मचारियों को राहत
बैठक में पंजाब इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड ट्रैवल स्टडीज में कार्यरत बचे हुए नॉन-टीचिंग कर्मचारियों को भी राहत देने का निर्णय लिया गया। पहले कुछ कर्मचारियों को संबंधित सोसायटी में समायोजित किया जा चुका था, जबकि कुछ कर्मचारी संस्थान में अनुबंध के आधार पर काम कर रहे थे। अब समायोजन से बचे कर्मचारियों को भी PITS में लेने का फैसला किया गया है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में नए पदों को मंजूरी
कैबिनेट ने पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में नए पद सृजित करने को भी मंजूरी दी है। सरकार के अनुसार, इससे चुनाव संबंधी कामकाज के लिए कार्यालय की प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
पठानकोट में पर्यटन विकास पर भी फैसला
बैठक में पठानकोट में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए रणजीतगढ़ विकास अथॉरिटी के गठन को मंजूरी दी गई। प्रस्तावित क्षेत्र करीब 305 हेक्टेयर में फैला है। सरकार इसे पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने की योजना बना रही है, ताकि क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिल सके।
कैबिनेट के इन फैसलों में कर्मचारियों से जुड़े लंबित मुद्दों के साथ प्रशासनिक व्यवस्था और पर्यटन विकास पर भी जोर दिया गया है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

