उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद ने 2012 में अवध विहार आवासीय योजना लांच किया था, उसके बाद से अब तक कोई बड़ी आवासीय योजना शहर में शुरू नहीं हो सकी है। इधर दो साल से सौमित्र विहार आवासीय योजना का पंजीकरण कराने के नाम पर सिर्फ बहाने बनाए जाते रहे। एक नहीं कई निदेशक मंडल की बैठकों के बाद यही दावा किया जाता रहा कि योजना का पंजीकरण यूपी रेरा में चल रहा है। हकीकत में 11 अगस्त को आवास विकास परिषद की ओर से यूपी रेरा के पोर्टल पर आवेदन किया गया है।
2025 के प्रयागराज महाकुंभ में ही लोकार्पण कराने की थी तैयारी
मोहनलालगंज की नई जेल रोड पर प्रस्तावित सौमित्र विहार योजना शुरू होने का लोग कई वर्ष से शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं। सौमित्र विहार प्रदेश की पहली ऐसी टाउनशिप होगी, जिसमें लैंड पूलिंग योजना यानि किसानों की सहमति से भूमि ली गई। पायलट प्रोजेक्ट के तहत योजना 87.271 हेक्टेयर में प्रस्तावित है, उसमें से अधिकांश भूमि आवास विकास परिषद को मिल चुकी है। योजना में 5000 से अधिक भूखंड होंगे, जो 80 से 300 वर्ग मीटर तक के होंगे। पहले चरण में 2092 भूखंडों की बिक्री शुरू होनी है। भूमि का मूल्य 25 से 26 हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर होने का अनुमान है।
पिछले साल हुआ था नामकरण
26 दिसंबर 2024 को परिषद के निदेशक मंडल की 269वीं बैठक में अपर आवास आयुक्त ने एलान किया था कि 13 जनवरी 2025 को प्रयागराज महाकुंभ में लखनऊ की नई जेल रोड आवासीय योजना सहित मेरठ, अयोध्या सहित कई अन्य योजनाएं शुरू की जाएंगी।
किसानों से रजिस्ट्री प्रक्रिया पूरी
सात मार्च 2025 को निदेशक मंडल की 270वीं बैठक के बाद तत्कालीन आवास आयुक्त डॉ. बलकार सिंह ने पत्रकारों को बताया था कि सौमित्र विहार योजना की प्रक्रिया यूपी रेरा में चल रही है यह पूरा होते ही पंजीकरण शुरू कराएंगे। इसी बैठक में मोहनलालगंज नई जेल रोड टाउनशिप का नाम सौमित्र विहार योजना रखने पर बोर्ड ने मुहर लगाया था। इस आवासीय योजना के लिए जमीन देने वाले किसानों को लाटरी से विकसित भूखंड आवंटित हो चुके हैं। किसानों से परिषद के नाम जमीन की रजिस्ट्री कराने की प्रक्रिया पूरी हो गई है। अब यूपी रेरा में पंजीकरण कराने की प्रक्रिया शुरू की गई है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

