दमन और दीव के सांसद उमेश पटेल को दो साल की सजा, भर्ती प्रक्रिया को बाधित करने का आरोप
दमन और दीव के निर्दल लोकसभा सदस्य उमेश पटेल और एक सह-आरोपित को 2011 के एक मामले में अदालत ने शनिवार को दो साल के साधारण कारावास की सजा सुनाई है। उन पर आरोप है कि उन्होंने भर्ती प्रक्रिया के दौरान सरकारी अधिकारियों के काम को बाधित किया।
दमन के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रणिता भारसकडे-वाघ की अदालत ने उमेश पटेल और सह-आरोपी सुरेश पटेल, जो पूर्व जिला पंचायत सदस्य हैं, को दोषी ठहराया और दोनों पर पांच-पांच रुपये का जुर्माना लगाया।
हालांकि, अदालत ने उन्हें उच्च न्यायालय में अपील करने के लिए एक महीने के लिए सजा निलंबित कर दी।
अभियोदन पक्ष के अनुसार, यह मामला 12 मार्च 2011 का है, जब दोनों आरोपियों ने मोती दमन के फुटबाल मैदान में प्रवेश किया, जहां एक्साइज सब-इंस्पेक्टर के पद के लिए भर्ती प्रक्रिया चल रही थी। उमेश पटेल ने 2024 के लोकसभा चुनाव में तीन बार के भाजपा सांसद लालू पटेल को हराया था।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

