भंडरा प्रखंड मुख्यालय के दुकानदारों से स्वच्छ भारत मिशन के तहत स्वच्छता अभियान के तहत शुल्क निर्धारित किया गया है। ग्रामीण और व्यापारिक क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और कचरा प्रबंधन को दुरुस्त करने के लिए छोटे और बड़े व्यापारियों के लिए अलग अलग शुल्क निर्धारित किया गया है।
इसकी जानकारी मुखिया इंद्रदेव उरांव ने दी। उन्होंने स्थानीय दुकानदारों और ग्रामीणों से स्वच्छता नियमों का पालन करने की विशेष अपील की। उन्होंने कहा कि सभी दुकानदार अपने प्रतिष्ठानों से निकलने वाले कूड़े-कचरे को इधर-उधर फेंकने के बजाय रोजाना एक निश्चित स्थान पर इकट्ठा करें, जिससे पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाया जा सके।
पीएचईडी की प्रखंड समन्वयक प्रभा कुमारी ने सरकार की आगामी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अब प्रखंड के सभी घरों और दुकानों से कचरा उठाने के लिए विशेष कचरा वैन चलाई जा रही है। यह वैन सीधे लोगों के दरवाजे तक पहुंचेगी, जिससे कचरे का सही निपटान सुनिश्चित हो सकेगा।
इस व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिए पीएचईडी द्वारा एक स्थानीय कमेटी का गठन किया गया है। कचरा संग्रहण के बदले सामान्य परिवारों से हर महीने 30 रुपए का शुल्क लिया जाएगा।
वहीं छोटे दुकानदारों को 50 रुपए प्रति माह और बड़े दुकानदारों को 100 रुपए प्रति माह का भुगतान करना होगा। इसके अतिरिक्त क्षेत्र के सभी विद्यालयों, पंचायत भवनों और स्वास्थ्य केंद्रों से भी 100 रुपए मासिक शुल्क निर्धारित किया गया है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

