निगाही परियोजना में फिर बड़ा हादसा: करोड़ों की ड्रैगलाइन में लगी आग, सुरक्षा व्यवस्था पर फिर उठे सवाल?
सिंगरौली। सिंगरौली जिले के नवानगर थाना क्षेत्र स्थित एनसीएल की निगाही परियोजना एक बार फिर सुर्खियों में है। रविवार को परियोजना के खदान क्षेत्र में कार्यरत एक ड्रैगलाइन मशीन में अचानक आग लगने की घटना सामने आई। आग लगने से खदान क्षेत्र में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, आग लगने के कारणों का फिलहाल आधिकारिक रूप से खुलासा नहीं हो सका है, लेकिन इस घटना ने परियोजना की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, निगाही परियोजना के वेस्ट क्षेत्र में कार्यरत करोड़ों रुपये मूल्य की ड्रैगलाइन मशीन में रविवार दोपहर अचानक आग लग गई। घटना की जानकारी मिलते ही परियोजना के अधिकारी और दमकल दल मौके पर पहुंचे तथा आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया। हालांकि, नुकसान की वास्तविक स्थिति और आग लगने के कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
कुछ दिन पहले ड्रिल मशीन हुई थी क्षतिग्रस्त
गौरतलब है कि यह निगाही परियोजना में हाल के दिनों की दूसरी बड़ी घटना है। इससे पहले ब्लास्टिंग के दौरान लगभग करोड़ों रुपये मूल्य की ड्रिल मशीन क्षतिग्रस्त होने का मामला सामने आया था। उस घटना की चर्चा अभी थमी भी नहीं थी कि अब ड्रैगलाइन में आग लगने की नई घटना ने परियोजना प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

लगातार हो रही घटनाओं से उठ रहे सवाल
खदान क्षेत्र से लगातार दुर्घटनाओं और तकनीकी घटनाओं की सूचनाएं सामने आने के बावजूद सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल उठ रहे हैं। श्रमिकों नेताओं का कहना है कि यदि समय रहते सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत नहीं किया गया तो भविष्य में कोई बड़ी दुर्घटना भी हो सकती है।
क्या केवल घटनाओं के बाद ही जागता है प्रबंधन?
लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद यह चर्चा भी तेज हो गई है कि क्या परियोजना प्रबंधन केवल किसी घटना के बाद ही सक्रिय होता है। जानकारों का मानना है कि प्रत्येक घटना के बाद यदि प्रभावी समीक्षा, तकनीकी निरीक्षण और सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए तो इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सकती है। अब देखना होगा कि ड्रैगलाइन में आग लगने की इस घटना की जांच किस स्तर पर होती है, आग लगने के वास्तविक कारण क्या सामने आते हैं और परियोजना प्रबंधन भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कौन-कौन से ठोस कदम उठाता है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

