जिस घर में शहनाइयों की गूंज सुनाई देनी थी, वहां रातभर सन्नाटा पसरा रहा। जिस आंगन में दुल्हन की विदाई की तैयारियां थीं, वहां लोगों की आंखें बरात की राह ताकते-ताकते नम हो गईं।दहेज की अतिरिक्त मांग ने एक बेटी के सपनों को उस वक्त तोड़ दिया, जब वह अपने नए जीवन की शुरुआत के लिए पूरी तरह तैयार थी।
मामला प्रखंड के मच्छरगावां नगर पंचायत का है। यहां के निवासी शहीद मियां की पुत्री सबनम खातून का निकाह योगापट्टी थाना क्षेत्र के रूदलपुर गांव निवासी गुलाब अंसारी के पुत्र अरमान अंसारी से तय हुआ था। दोनों परिवारों के बीच विवाह की सभी रस्में पूरी हो चुकी थीं।
घर में मेहमानों की चहल-पहल थी, पकवान बन चुके थे और बरात के स्वागत की तैयारियां पूरी कर ली गई थीं, लेकिन खुशी का यह माहौल उस समय मातम में बदल गया, जब बरात निकलने से ठीक पहले वर पक्ष की ओर से कथित तौर पर 50 हजार रुपये अतिरिक्त दहेज की मांग कर दी गई।
वधू पक्ष ने आर्थिक असमर्थता जताई तो बरात ही नहीं आई। रातभर सज-धज कर बैठी दुल्हन अपने जीवनसाथी के आने का इंतजार करती रही। परिजन और रिश्तेदार भी देर रात तक बरात आने की उम्मीद लगाए बैठे रहे, लेकिन हर गुजरते घंटे के साथ उम्मीद टूटती चली गई।
सुबह होते-होते घर की रौनक मायूसी में बदल चुकी थी। बरातियों के स्वागत के लिए तैयार किया गया हजारों रुपये का भोजन और मिठाइयां बेकार हो गईं। उससे भी बड़ा नुकसान उस परिवार का हुआ, जिसकी बेटी की आंखों में बसे अनगिनत सपने एक झटके में बिखर गए।
घटना के बाद वधू पक्ष ने स्थानीय लोगों और पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। सूचना मिलने पर योगापट्टी थाना पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। थानाध्यक्ष ध्रुव नारायण सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी मिली है। आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।


