शादियाबाद कस्बा में गुरुवार की देर शाम दुकानदारों से अवैध वसूली करती फर्जी जीएसटी की टीम को व्यापारियों ने पकड़ लिया।
टीम में महिला सहित सात लोगों को पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। सरगना मौका पाकर फरार हो गया। उनके पास से इनोवा क्रिस्टा कार पकड़ी गई है। व्यापारियों ने जमकर हंगामा किया।
इनोवा क्रिस्टा कार से आठ लोग कस्बा के लोग कस्बा में पहुंचे। उन्होंने खुद को जीएसटी व आयकर की टीम का अधिकारी बताया। बताया कि वह लखनऊ से आए हैं। सबसे पहले कस्बा के सीताराम केे किराना स्टोर पर पहुंचकर डरा धमकाकर 50 हजार रुपये की मांग की।
दुकानदार के बहुत हाथ पैर जोड़ने पर दस हजार रुपये लिए। इसके बाद मूरत प्रजापति की दुकान पर पहुंचे। वहां तीन हजार रुपये लिए। श्री निवास के किराना स्टोर पर 30 हजार रुपये की मांग की। वहां पैसे को लेकर दुकानदार और टीम में जमकर कहासुनी शुरू हुई। इस पर दुकानदारों को कुछ शक हुआ।
दुकानदारों ने पुलिस को सूचना देने के साथ ही सभी को घेर लिया। इस पर टीम के सदस्य अफसरों को फोन करने की धौंस देने लगे। खुद को घिरता देख फर्जी टीम का मुख्य सरगना सादात निवासी सरस गुप्ता फरार हो गया। पुलिस ने महिला सहित सात लोगों को हिरासत में ले लिया।
पुलिस सभी को थाने ले आकर पूछताछ कर रही है। आजमगढ़ नंबर की क्रिस्टा इनोवा को भी पुलिस ने कब्जे में लिया है। फर्जी टीम की गिरफ्तारी की जानकारी मिलते ही भीड़ जुट गई। लोगों में गुस्सा था। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। व्यापारी तहरीर देने में जुटे रहे।
इन्हें किया गिरफ्तार
पकड़ी गई टीम में कार चालक वाराणसी के चोलापुर निवासी अनिल कुमार के अलावा दो बाउंसर वाराणसी के लहरतारा निवासी रवि पटेल, सुल्तानपुर शिवपुर निवासी देवा पटेल है।
इस टीम में जनपद के सादात निवासी सदानंद प्रसाद, युसफपूर मुहमदाबाद निवासी प्रमोद कुमार, संकेत गुप्ता व सुशीला गुप्ता से पूछताछ की जा रही है। पुलिस फरार सरगना की गिरफ्तारी में जुटी है।
ऑनलाइन बुकिंग की थी गाड़ी व बाउंसर
गाड़ी अनिल कुमार ने बताया कि उसकी गाड़ी बनारस से ऑनलाइन बुकिंग सादात कस्बे के लिए की थी। उसे नहीं पता कि मालिक से कितना किराया तय हुआ था।
वहीं वाराणसी के लहरतारा निवासी रवि पटेल व सुल्तानपुर शिवपुर निवासी देवा पटेल ने बताया कि वह बाउंसर है। उन्हें एक-एक हजार रुपये पर अपने साथ ले आए थे।नोटिस भेजने का दे रहा था धौंस
टीम का सरगना सादात निवासी सरस, रो पड़ा दुकानदार
टीम का सरगना सादात निवासी सरस गुप्ता ने दुकानदार को काफी धौंस दिखाई। बताया कि नोटिस भेजा जाएगा। दो लाख का जुर्माना लगेगा। इसके बाद एफआइआर होगी। जेल भी जाना पड़ेगा।
अब बताओ कि कैसे करना चाहोगे। पहली बार दस हजार मांगने पर दुकानदार रो पड़ा। सरगना ने काफी धौंस दिखाया। कहा कि पैसा देने पर मामला सुलट जाएगा। अन्यथा गाड़ी में बैठे डिप्टी साहब को बुलाएंगे तो जेल जाना पड़ेगा।
सरगना की सादात में किराना की दुकान, दो साल पहले जीएसटी अफसर का किया शोर
सरगना सरस गुप्ता के बारे में पता चला है कि उसकी सादात में दुकान है। दो साल पहले उसने खुद को जीएसटी अफसर की परीक्षा पास करने की जानकारी कस्बे को लोगों की दी थी। बाद में उसके फ्राड होन की सच्चाई सामने आ गई थी। वह कई जगह इस तरह का काम कर चुका है।


