हिमाचल प्रदेश में RDG से उपजे हालात पर सुक्खू कैबिनेट की सप्ताह में दूसरी बैठक, क्या रहेगा एजेंडा?
राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) बंद होने से हिमाचल प्रदेश की वित्तीय सेहत पर पड़े असर को लेकर सरकार अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है। इसी बीच मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में वीरवार को मंत्रिमंडल की बैठक होगी। सप्ताह में कैबिनेट की यह दूसरी बैठक है।
16 फरवरी से विधानसभा का बजट सत्र भी शुरू हो रहा है। राज्यपाल के अभिभाषण को भी कैबिनेट मंजूरी के लिए रखा जाएगा। इसके अतिरिक्त बजट सत्र में पेश होने वाले वाले विधेयकों को भी कैबिनेट मंजूरी के लिए रखा जाएगा। बैठक में बजट पेश करने की तिथि भी तय की जा सकती है।
पंचायत चुनाव पर भी फैसला संभव
सूत्रों के अनुसार राज्य सरकार पंचायत चुनाव में चिट्टे के कारोबार में संलिप्त आरोपितों को चुनाव लड़ने पर रोक लगाने जा रही है। इससे संबंधित विधेयक को मंजूरी के लिए कैबिनेट में रखा जा सकता है।
इन मुद्दों पर होगा मंथन
बैठक में आरडीजी बंद होने से उपजे हालात, आगामी बजट पर पड़ने वाले प्रभाव और नए वित्तीय संसाधन जुटाने की रणनीति पर चर्चा होगी। प्रधान सचिव वित्त ने बीते आठ फरवरी को जो प्रेजेंटेशन दी थी उस पर भी बैठक में चर्चा होगी। इससे पहले गत रविवार को हुई मंत्रिमंडल बैठक में भी वित्त विभाग ने विस्तृत प्रस्तुति देकर आगाह किया था कि आरडीजी बंद होने से प्रदेश की वित्तीय स्थिति पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा।
सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) व अन्य कल्याणकारी योजनाएं जारी रहेगी। विकास कार्य भी प्रभावित नहीं होने दिए जाएंगे। ऐसे में कर संग्रह बढ़ाने, व्यय नियंत्रण और संभावित वित्तीय पुनर्संरचना जैसे विकल्पों पर कैबिनेट में चर्चा की जाएगी।


