हिमाचल प्रदेश में हिमाचल सड़क परिवहन निगम यानी HRTC के पेंशनर्स की मांगों को लेकर होने वाली महत्वपूर्ण बैठक फिलहाल टल गई है। डिप्टी सीएम के शिमला नहीं पहुंचने के कारण पेंशनर्स की मांगों पर कोई अंतिम फैसला नहीं हो सका। इससे लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर इंतजार कर रहे पेंशनर्स को एक बार फिर निराशा हाथ लगी है।
दरअसल, HRTC पेंशनर्स अपनी लंबित मांगों को लेकर लगातार आवाज उठा रहे हैं। इनमें महंगाई भत्ते यानी DA का भुगतान भी प्रमुख मुद्दा है। पेंशनर्स को उम्मीद थी कि बैठक में उनकी समस्याओं का समाधान निकलेगा और सरकार की ओर से राहत का ऐलान किया जाएगा।
हालांकि, डिप्टी सीएम के शिमला नहीं पहुंचने के चलते इस मामले पर होने वाला निर्णय टल गया। अब उम्मीद जताई जा रही है कि गुरुवार यानी कल 5 प्रतिशत महंगाई भत्ते यानी DA को लेकर सहमति बन सकती है।
अगर 5 प्रतिशत DA पर फैसला होता है, तो इससे HRTC के पेंशनर्स को आर्थिक राहत मिल सकती है। हालांकि, अभी इस प्रस्ताव पर अंतिम मुहर लगना बाकी है।
पेंशनर्स की निगाहें अब कल होने वाली संभावित चर्चा पर टिकी हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या सरकार उनकी मांगों को स्वीकार करेगी और लंबे समय से लंबित राहत का रास्ता साफ होगा?
फिलहाल सभी की नजरें सरकार के अगले कदम और कल होने वाली बातचीत पर हैं। अब देखना होगा कि HRTC पेंशनर्स को उनकी मांगों पर कब तक राहत मिल पाती है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

