मुंगेर में 16 एकड़ सरकारी जमीन के रिकॉर्ड में कथित गड़बड़ी, वर्तमान और पूर्व CO पर विभागीय जांच
बिहार के मुंगेर जिले में सरकारी जमीन के राजस्व रिकॉर्ड में कथित अनियमितता का मामला सामने आया है। धरहरा अंचल के सराधी मौजा में करीब 16 एकड़ 40 डिसमिल गैरमजरूआ सरकारी भूमि के खेसरा और जमाबंदी रिकॉर्ड में बदलाव कर दाखिल-खारिज किए जाने के आरोपों के बाद विभागीय स्तर पर जांच शुरू की गई है।
मामला सराधी मौजा के खाता संख्या 457 और खेसरा संख्या 153 से जुड़ा बताया जा रहा है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, खतियान में यह भूमि गैरमजरूआ खास पुरानी किस्म परती के रूप में दर्ज है। आरोप है कि निर्धारित प्रक्रिया और जरूरी सत्यापन का पालन किए बिना जमीन के एक हिस्से का नामांतरण दूसरे व्यक्ति के नाम कर दिया गया।
इस मामले में वर्तमान अंचलाधिकारी वीरेंद्र कुमार और पूर्व अंचलाधिकारी पूजा कुमारी की भूमिका की विभागीय स्तर पर जांच की जा रही है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने नियम-17(2) के तहत जांच की प्रक्रिया शुरू की है। जांच में रिकॉर्ड में हुई कार्रवाई और संबंधित अधिकारियों की भूमिका की पड़ताल की जाएगी।
यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब मुंगेर में राजस्व और भूमि संबंधी मामलों में अधिकारियों की कार्यप्रणाली को लेकर पहले भी शिकायतें सामने आती रही हैं। अगस्त 2026 में धरहरा के वर्तमान CO वीरेंद्र कुमार के खिलाफ शिकायतों और एक कथित ऑडियो के बाद उनके कार्यकाल में हुए दाखिल-खारिज, परिमार्जन और अन्य राजस्व मामलों की जांच के निर्देश दिए गए थे।
अब सराधी मौजा की सरकारी जमीन से जुड़े मामले में विभागीय जांच के नतीजे पर नजर है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि रिकॉर्ड में बदलाव किस प्रक्रिया के तहत हुआ और इसमें किस स्तर पर जिम्मेदारी तय होती है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

