एशियन गेम्स 2026 में भारतीय गोल्फर प्रणवी उर्स ने इतिहास रच दिया है। उन्होंने महिला व्यक्तिगत गोल्फ स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली भारतीय महिला गोल्फर बनने का गौरव हासिल किया। प्रणवी का यह गोल्ड भारत के लिए गोल्फ में 2002 के बाद पहला व्यक्तिगत स्वर्ण भी है।
15-अंडर पार स्कोर के साथ जीता गोल्ड
प्रणवी ने चार राउंड में कुल 265 शॉट लगाए और 15-अंडर पार के स्कोर के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया। उन्होंने सिंगापुर की शैनन टैन और चीन की यिन रुओनिंग को एक शॉट के अंतर से पीछे छोड़ा। दोनों खिलाड़ियों का स्कोर 14-अंडर पार रहा।
फाइनल राउंड में प्रणवी को तीसरे होल पर ट्रिपल बोगी का सामना करना पड़ा, जिससे उनकी बढ़त खत्म हो गई थी। इसके बाद उन्होंने शानदार वापसी करते हुए छठे, 10वें और 13वें होल पर बर्डी लगाई। आखिरी होल पर पार हासिल करके उन्होंने अपनी एक शॉट की बढ़त कायम रखी और स्वर्ण पदक पक्का किया।
2002 के बाद भारत को गोल्फ में पहला व्यक्तिगत गोल्ड
प्रणवी का स्वर्ण पदक भारतीय गोल्फ के लिए भी खास है। इससे पहले भारत के लिए एशियन गेम्स में व्यक्तिगत गोल्फ स्वर्ण 2002 में शिव कपूर ने जीता था। इस तरह प्रणवी का गोल्ड 24 साल बाद भारत को एशियन गेम्स गोल्फ में व्यक्तिगत स्वर्ण दिलाने वाली उपलब्धि बन गया।
टीम स्पर्धा में भी भारत को मिला सिल्वर
प्रणवी ने केवल व्यक्तिगत स्पर्धा में ही पदक नहीं जीता। उन्होंने अदिति अशोक और दीक्षा डागर के साथ मिलकर महिला टीम स्पर्धा में भारत को रजत पदक भी दिलाया। भारत का टीम स्कोर 14-अंडर पार रहा, जबकि चीन ने 22-अंडर पार के साथ स्वर्ण पदक जीता।
प्रणवी के इस प्रदर्शन के साथ एशियन गेम्स 2026 में भारतीय गोल्फ ने महिला व्यक्तिगत और टीम स्पर्धा में एक ही दिन दो पदक अपने नाम किए हैं।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

