‘मुझे जल्दी लखपति बनना था’ बगहा में शराब तस्करी में पकड़ी गई महिला ने पुलिस के सामने उगले राज
बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने के बाद कुछ महिलाएं जल्दी लखपति बनने की चाह में इस अवैध धंधे में उतर रही हैं।
उत्पाद विभाग द्वारा हाल ही में की गई कार्रवाई में इस चौंकाने वाले तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। शराब लदी गाड़ी के साथ पकड़ी गई सीतामढ़ी की एक महिला ने पूछताछ के दौरान कई अहम राज उगले हैं।
प्रतिदिन दस हजार रुपये
आरोपित महिला ने स्वीकार किया कि वह शराब लदी गाड़ियों में सफर करने के एवज में धंधेबाजों से प्रतिदिन 10 हजार रुपये लेती थी।
मोटी रकम मिलने के लालच में वह उत्तर प्रदेश समेत अन्य राज्यों से आने वाली गाड़ियों में घरेलू महिला का भेष बनाकर बैठती थी।
उसका मानना था कि जिस गाड़ी में परिवार या महिलाएं सवार हों, पुलिस अमूमन उसे जांच के लिए नहीं रोकती।
स्कैनर से खुली पोल
उत्पाद निरीक्षक सह थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार ने बताया कि जब शराब लदी गाड़ी रोककर चालक से पूछताछ की गई, तो उसने महिला को अपनी चाची बताते हुए बेतिया ले जाने की बात कही।
चालक ने दावा किया कि गाड़ी में महिला के रहते कोई प्रतिबंधित सामान होने का सवाल ही नहीं उठता। हालांकि शक के आधार पर स्कैनर मशीन से सघन जांच करने पर वाहन के विशेष तह
खाने में छिपाकर रखी गईं शराब की बोतलें बरामद कर ली गईं।
विभाग ने बीते 27 अगस्त को दिल्ली नंबर की कार (डीएल 10 सीडी 2388) से कुल 68 लीटर अंग्रेजी शराब जब्त की थी।
मौके से यूपी निवासी अवध किशोर पांडेय और सीतामढ़ी निवासी संजीव कुमार के साथ इस महिला को भी गिरफ्तार किया गया था।
पूछताछ के बाद उत्पाद विभाग अब इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य बड़े धंधेबाजों की तलाश में छापेमारी कर रहा है।

विकास कुमार सिंह एक अनुभवी भारतीय पत्रकार और द टकसाल न्यूज़ (The Taksal News) के प्रधान संपादक हैं।

